रिपोर्ट – जय शंकर पांडे

कलेक्टर ने दिलाई ‘उल्लास’ नव भारत साक्षरता की शपथ

जगदलपुर, 9 सितम्बर 2026/ जिला कलेक्टोरेट में मंगलवार को आयोजित समय-सीमा बैठक के दौरान कलेक्टर आकाश छिकारा ने सभी जिला अधिकारियों एवं कर्मचारियों को उल्लास नव भारत साक्षरता कार्यक्रम की शपथ दिलाई। राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के अंतर्गत समाज के प्रत्येक वर्ग तक शिक्षा की रोशनी पहुँचाने के उद्देश्य से जिले में 1 से 15 सितंबर तक 15 दिवसीय साक्षरता पखवाड़े का आयोजन किया जा रहा है, जिसका मुख्य लक्ष्य 15 वर्ष से अधिक आयु के उन वयस्कों को बुनियादी साक्षरता और जीवनोपयोगी व्यावहारिक ज्ञान से जोड़ना है जो औपचारिक स्कूली शिक्षा से वंचित रह गए हैं। 

     कलेक्टर के मार्गदर्शन में चलाए जा रहे इस अभियान के तहत बस्तर जिले में सर्वेक्षण के आधार पर लगभग आठ हजार असाक्षरों को साक्षर करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। इन सभी चिन्हित शिक्षार्थियों के साथ-साथ पूर्व में साक्षर होकर पुनः अभ्यास से छूट चुके लोगों को भी सितंबर माह के अंतिम सप्ताह में प्रस्तावित राष्ट्रव्यापी महापरीक्षा अभियान में शामिल कराया जाएगा। पखवाड़े के दौरान अंतरराष्ट्रीय साक्षरता दिवस के उपलक्ष्य में जिले भर में विशाल मानव श्रृंखला, साक्षरता दीप प्रज्वलन, प्रभात फेरी और रैलियों जैसे जनजागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए गए, वहीं स्कूलों एवं शिक्षण संस्थानों में वाद-विवाद, रंगोली, चित्रकला, मेंहदी और चिट्ठी कलेक्टर के नाम जैसी नवाचारी प्रतियोगिताओं के जरिए समाज के हर वर्ग को इस मुहिम से जोड़ा जा रहा है। 

    बुनियादी अक्षर ज्ञान के साथ-साथ शिक्षार्थियों को स्मार्टफोन संचालन, सुरक्षित ऑनलाइन लेनदेन, डिजिटल बैंकिंग और रोजमर्रा के सरकारी कार्यों के प्रति भी दक्ष बनाया जा रहा है। इसके अलावा स्कूली सहभागिता को बढ़ावा देने के लिए कक्षा 9वीं से 12वीं तक के विद्यार्थियों द्वारा 10 असाक्षरों को साक्षर करने पर बोनस अंक प्रदान करने का प्रावधान भी रखा गया है। कलेक्टर  छिकारा ने सभी विभागों को आपसी समन्वय स्थापित करते हुए शत-प्रतिशत शिक्षार्थियों का उल्लास मोबाइल ऐप पर डिजिटल पंजीयन सुनिश्चित करने तथा साक्षरता केंद्रों का नियमित व प्रभावी संचालन करने के निर्देश दिए हैं और असाक्षरों को ज्ञान के अंधकार से मुक्त करने के लिए व्यापक सहभागिता निभाने का आग्रह किया है, ताकि जिले को पूर्ण साक्षरता की दिशा में अग्रणी बनाया जा सके।

By संपादक–ऋषभ कुमार

a seniour journalist from bastar division working since 2008

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