
जगदलपुर, 03 नवम्बर 2026/ राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन (बिहान) के अंतर्गत मंगलवार को जिला पंचायत एवं बिहान सभाकक्ष में समूह बैंक क्रेडिट और इंटरप्राइजेज फाइनेंस विषय पर एक दिवसीय बैंकर्स प्रशिक्षण सह कार्यशाला का आयोजन किया गया। इस कार्यशाला का मुख्य उद्देश्य जिले में महिला स्व-सहायता समूहों के वित्तीय समावेशन को और अधिक मजबूत बनाना तथा उन्हें स्वरोजगार एवं उद्यम स्थापना के लिए सुलभ ऋण प्रवाह सुनिश्चित करना रहा।
कार्यक्रम में राष्ट्रीय स्तर के मास्टर ट्रेनर श्रीनिवास राव, एनआरएलएम के अशोक चौहान एवं अग्रणी जिला प्रबंधक जॉर्ज विलियम तिर्की विशेष रूप से उपस्थित रहे। इसके साथ ही बस्तर जिले के विभिन्न बैंकों के शाखा प्रबंधक, बैंकर्स तथा जनपद पंचायतों से आए खंड मिशन प्रबंधक, जिला मिशन प्रबंधन इकाई और खंड मिशन प्रबंधन इकाई की टीमों ने भी कार्यशाला में भाग लिया।
कार्यशाला के दौरान स्वयं सहायता समूह बैंक क्रेडिट लिंकेज के तहत समूहों को समय पर कैश क्रेडिट लिमिट की स्वीकृति देने और उनके व्यक्तिगत व सामूहिक उद्यमों को मजबूत करने के लिए इंटरप्राइजेज फाइनेंस की रणनीतियों पर विस्तृत चर्चा की गई। इसके अतिरिक्त ऑनलाइन ऋण आवेदन और त्वरित स्वीकृति प्रक्रिया को गति देने के लिए इला एप्लीकेशन का तकनीकी प्रशिक्षण दिया गया, साथ ही खाद्य प्रसंस्करण के क्षेत्र में प्रधानमंत्री सूक्ष्म खाद्य प्रसंस्करण उद्यम उन्नयन योजना और स्वरोजगार सृजन के लिए प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम योजनाओं के तहत वित्तीय लाभ उपलब्ध कराने पर जोर दिया गया।
प्रतिभागियों को संबोधित करते हुए राष्ट्रीय रिसोर्स पर्सन श्री श्रीनिवास राव ने कहा कि बैंकों का सहयोग ही बिहान की दीदियों को आत्मनिर्भर बनाने की सबसे मजबूत कड़ी है। उन्होंने रेखांकित किया कि ग्रामीण महिलाएं अब केवल बचत तक सीमित न रहकर बड़े उद्यमों की ओर कदम बढ़ा रही हैं, इसलिए उन्हें विभिन्न स्वरोजगार योजनाओं से जोड़ना प्राथमिकता होनी चाहिए।
वहीं अग्रणी जिला प्रबंधक जॉर्ज विलियम तिर्की ने जिले में लंबित कैश क्रेडिट लिमिट प्रकरणों तथा ईएलए आवेदनों के त्वरित निराकरण पर बल देते हुए सभी बैंकर्स से निर्धारित लक्ष्यों को समय-सीमा के भीतर पूरा करने और मिशन की टीम के साथ निरंतर समन्वय बनाए रखने का आह्वान किया।