रिपोर्ट – जय शंकर पांडे

बस्तर में एक लाख 20 हजार से अधिक बच्चों को पोलियो की खुराक पिलाने का लक्ष्य
कलेक्टर ने लक्षित आयु वर्ग के हर बच्चे को पोलियो की खुराक पिलाने का किया आह्वान
जगदलपुर, 27 जून 2026/ जिला प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग के संयुक्त तत्वावधान में कल जून को पूरे बस्तर जिले में राष्ट्रीय पल्स पोलियो टीकाकरण अभियान के तहत व्यापक स्तर पर पोलियो बूथों में दो बूंद जिंदगी की खुराक पिलाई जाएगी। इस अभियान के सफल क्रियान्वयन एवं अन्तर्विभागीय समन्वय के लिए पहले ही कलेक्टर श्री आकाश छिकारा की अध्यक्षता में “डिस्ट्रिक्ट टास्क फोर्स” की बैठक संपन्न हो चुकी है, जिसमें शत-प्रतिशत लक्ष्य हासिल करने के लिए मैदानी अमले को पूरी तरह सक्रिय रहकर कार्य करने के निर्देश दिए गए हैं। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. संजय बसाक द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार बस्तर जिले में इस बार 0 से 5 वर्ष की आयु वर्ग के कुल 1,20,804 बच्चों को जीवन रक्षक पोलियो की दवा पिलाने का महत्वाकांक्षी लक्ष्य निर्धारित किया गया है।
सुरक्षा के इस महाअभियान के तहत प्रथम दिन सभी निर्धारित बूथों पर दवा पिलाई जाएगी, जिसके बाद आगामी 29 और 30 जून को स्वास्थ्य कर्मियों की टीमें घर-घर जाकर छूटे हुए बच्चों को कवर करेंगी।
बस्तर जिले का पोलियो उन्मूलन के क्षेत्र में बड़ी उपलब्धि रहा है, जहाँ वर्ष 1996 से अब तक पोलियों का एक भी मामला सामने नहीं आया है। इसके साथ ही, छत्तीसगढ़ राज्य में वर्ष 2002 से और संपूर्ण भारतवर्ष में वर्ष 2011 से पोलियो का कोई भी पॉजिटिव प्रकरण दर्ज नहीं हुआ है और इस गौरवशाली निरंतरता को बनाए रखना ही इस अभियान का मुख्य ध्येय है। प्रशासन ने शहरी और ग्रामीण इलाकों सहित अंदरूनी क्षेत्रों के लिए विशेष रणनीति तैयार की है, जिसके तहत जगदलपुर शहरी क्षेत्र में अकेले 72 बूथ स्थापित किए गए हैं। इसके अतिरिक्त बाजार, मेले, मड़ई, उच्च जोखिम वाले क्षेत्रों ईंट भट्ठा, भवन निर्माण स्थलों, घुमंतू बस्तियों, बस स्टैंड तथा रेलवे स्टेशनों पर आने-जाने वाले बच्चों के लिए 20 मोबाइल और 24 ट्रांजिस्ट टीमों के साथ 1,932 टीकाकरण कर्मी और 97 सुपरवाइजर तैनात किए गए हैं, ताकि कोई भी बच्चा पोलियो की सुरक्षा चक्र से वंचित न रहे।
कलेक्टर श्री आकाश छिकारा ने आम जनता से भावुक अपील करते हुए कहा है कि देश में भले ही पोलियों का कोई मामला नहीं है, किंतु पड़ोसी देश पाकिस्तान और अफगानिस्तान में अभी भी पोलियो के पॉजिटिव केस पाए जा रहे हैं, जिससे देश में संक्रमण फैलने का खतरा हमेशा बना रहता है। अतः पर्यावरण में मौजूद वाइल्ड पोलियो वायरस को पूरी तरह निष्क्रिय करने और हर्ड इम्युनिटी को मजबूत करने के लिए बच्चों को प्रथम दिन ही लक्षित आयु वर्ग के हर बच्चे को पोलियो बूथ पर लाकर दवा पिलाना सबसे प्रभावशाली माध्यम है। इसमें हम सभी लोगों की सक्रिय सहभागिता जरूरी है।