बस्तर संभाग कमिश्नर का सख्त निर्देश: अधिकारी-कर्मचारी मुख्यालय में रहकर पूरी सजगता से निभाएं दायित्व

रिपोर्ट ऋषभ कुमार नारायणपुर, 27 मार्च 2025 – बस्तर संभाग के कमिश्नर श्री डोमन सिंह ने अपने नारायणपुर जिले के…

पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के निवास पर CBI की दबिश, रायपुर और भिलाई में जांच जारी

Report Rishabh Kumar छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री एवं कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव भूपेश बघेल के निवास पर आज तड़के केंद्रीय…

दिल्ली HC जज के घर लगी आग से खुला बड़ा राज – करोड़ों का कैश मिलने पर सुप्रीम कोर्ट का बड़ा एक्शन

Report om sahu नई दिल्ली। दिल्ली हाई कोर्ट के जज यशवंत वर्मा के घर में लगी आग ने एक चौंकाने…

अवैध शराब तस्करी के विरुद्ध भानपुरी पुलिस की बड़ी कार्रवाई, 136 लीटर शराब बरामद, एक गिरफ्तार

रिपोर्ट ओम साहू भानपुरी, जिला बस्तर (छ.ग.) | 23 मार्च 2025 बस्तर जिले में अवैध शराब बिक्री और परिवहन के…

छत्तीसगढ़ खेल महोत्सव के जिला स्तरीय प्रतियोगिता विजेताओं को दिया गया पुरस्कार

जगदलपुर 23 मार्च 2025/ खेल एवं युवा कल्याण विभाग द्वारा छत्तीसगढ़ खेल महोत्सव, 2024-25 का जिला स्तरीय आयोजन प्रियदर्शनी स्टेडियम…

छत्तीसगढ़ में बड़ा नक्सली सरेंडर: बीजापुर में 22 नक्सलियों ने किया आत्मसमर्पण

रिपोर्ट ओम साहू बीजापुर, 23 मार्च: छत्तीसगढ़ के बीजापुर जिले में नक्सल विरोधी अभियान के तहत एक बड़ी सफलता मिली…

एक तरफ़ बिहार दिवस, दूसरी तरफ़ बस्तर की संस्कृति – कौन है छत्तीसगढ़ का असली नेता?

जहां एक ओर बीजेपी सरकार और मुख्यमंत्री बिहार दिवस मना रहे हैं, वहीं बस्तर का मांटीपुत्र, कद्दावर आदिवासी नेता महेश…

कला और संस्कृति का संगम – ‘बस्तर पंडुम 2025’ का भव्य आयोजन! महेश कश्यप बस्तर का सच्चा सेवक

सुकमा: आदिवासी संस्कृति, परंपरा और लोक कला की जीवंत झलक पेश करता ‘बस्तर पंडुम 2025’ महोत्सव इस वर्ष भी अपनी भव्यता और सांस्कृतिक सौंदर्य से सभी को मंत्रमुग्ध कर गया। इस ऐतिहासिक आयोजन में शामिल होकर लोगों ने जनजातीय समाज की समृद्ध धरोहर का साक्षी बनने का गौरव प्राप्त किया।

संस्कृति और एकता का अनूठा संगम
‘बस्तर पंडुम’ केवल एक महोत्सव नहीं, बल्कि यह जनजातीय समुदाय की एकता, आत्मनिर्भरता और सहयोग की भावना का प्रतीक है। यह पर्व हमें न केवल बस्तर की पारंपरिक कला, हस्तशिल्प और लोक नृत्य से जोड़ता है, बल्कि हमारी सांस्कृतिक जड़ों को मजबूती भी प्रदान करता है।

जनजातीय परंपराओं पर संवाद और प्रतिबद्धता
इस अवसर पर जनजातीय भाई-बहनों से संवाद कर उनकी परंपराओं, जीवनशैली और सांस्कृतिक धरोहर पर चर्चा की गई। उनके उज्ज्वल भविष्य को लेकर प्रतिबद्धता दोहराई गई, ताकि उनकी संस्कृति और परंपराएं सहेजी जा सकें और उन्हें विकास की मुख्यधारा से जोड़ा जा सके।

वरिष्ठ जनों और प्रशासन की भागीदारी
महोत्सव में क्षेत्र के वरिष्ठ जन, जनप्रतिनिधि, जिला प्रशासन के अधिकारीगण सहित बड़ी संख्या में स्थानीय निवासी उपस्थित रहे। सभी ने एकमत से इस तरह के आयोजनों को जनजातीय समाज के उत्थान और उनकी सांस्कृतिक विरासत को बढ़ावा देने के लिए महत्वपूर्ण बताया।

‘बस्तर पंडुम’ न केवल बस्तर की पहचान है, बल्कि यह पूरे छत्तीसगढ़ की सांस्कृतिक विविधता और परंपराओं का गौरवशाली प्रतीक भी है।

ड्रग विभाग के भ्रष्ट अफसरों का काला खेल उजागर! छत्तीसगढ़ मेडिकल सर्विस कॉरपोरेशन घोटाला:

रिपोर्ट ओम साहू CGMSC घोटाला: तत्कालीन महाप्रबंधक समेत 5 अधिकारी गिरफ्तार रायपुर, छत्तीसगढ़: छत्तीसगढ़ मेडिकल सर्विसेज कॉर्पोरेशन लिमिटेड (CGMSC) और…